विशाखापट्टणम पंचांग, शनिवार, 11 सप्टेंबर, 2027
विशाखापट्टणम साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | शुक्ल एकादशी 19:37 पर्यंतनंतर शुक्ल द्वादशी 22:13 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तराषाढा 02:59 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर श्रवण 06:05 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | शोभन 06:43 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | वणिज 06:18 पर्यंतनंतर विष्टी (भद्रा) 19:37 पर्यंत; नंतर बव 08:56 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | शनिवार |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
| मास | भाद्रपद (अमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:44 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:03 |
| चंद्रोदय | 15:08 |
| चंद्रास्त | 01:42 |
| सूर्य राशी | सिंह |
| चंद्र राशी | धनु |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:29 ते 12:18 |
|---|---|
| राहुकाळ | 08:49 ते 10:21 |
| यमगंड | 13:26 ते 14:58 |
| गुलिक काळ | 05:44 ते 07:16 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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