विशाखापट्टणम पंचांग, मंगळवार, 20 जुलै, 2027
विशाखापट्टणम साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण द्वितीया 02:22 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर कृष्ण तृतीया 04:47 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | श्रवण 17:31 पर्यंतनंतर धनिष्ठा 20:34 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | प्रीती 17:32 पर्यंतनंतर आयुष्मान 18:34 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | तैतिल 13:05 पर्यंतनंतर गरज 02:22 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर वणिज 15:36 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | मंगळवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | आषाढ (अमांत)श्रावण (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:31 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:35 |
| चंद्रोदय | 19:47 |
| चंद्रास्त | 06:42 |
| सूर्य राशी | कर्क |
| चंद्र राशी | मकर |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:37 ते 12:29 |
|---|---|
| राहुकाळ | 15:19 ते 16:57 |
| यमगंड | 08:47 ते 10:25 |
| गुलिक काळ | 12:03 ते 13:41 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
आजचा दिवस तुमच्यासाठी काय सांगतो?
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