विशाखापट्टणम पंचांग, सोमवार, 17 मे, 2027
विशाखापट्टणम साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
सण
- बकरी ईद
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | शुक्ल द्वादशी 16:29 पर्यंतनंतर शुक्ल त्रयोदशी 16:04 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | हस्त 11:29 पर्यंतनंतर चित्रा 11:43 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | सिद्धी 01:10 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर व्यतीपात 23:55 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | बालव 16:29 पर्यंतनंतर कौलव 04:14 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर तैतिल 16:04 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | सोमवार |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
| मास | वैशाख (अमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:24 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:23 |
| चंद्रोदय | 15:40 |
| चंद्रास्त | 02:48 |
| सूर्य राशी | वृषभ |
| चंद्र राशी | कन्या |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:27 ते 12:19 |
|---|---|
| राहुकाळ | 07:01 ते 08:38 |
| यमगंड | 10:16 ते 11:53 |
| गुलिक काळ | 13:31 ते 15:08 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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