नाशिक पंचांग, गुरुवार, 23 सप्टेंबर, 2027
नाशिक साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण अष्टमी 02:58 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर कृष्ण नवमी 00:55 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | मृग 17:07 पर्यंतनंतर आर्द्रा 15:58 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | व्यतीपात 23:35 पर्यंतनंतर वरीयान 20:52 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | बालव 15:50 पर्यंतनंतर कौलव 02:58 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर तैतिल 13:59 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | गुरुवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | भाद्रपद (अमांत)आश्विन (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:24 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:31 |
| चंद्रोदय | या दिवशी नाही |
| चंद्रास्त | 13:03 |
| सूर्य राशी | कन्या |
| चंद्र राशी | मिथुन |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 12:03 ते 12:51 |
|---|---|
| राहुकाळ | 13:58 ते 15:29 |
| यमगंड | 06:24 ते 07:54 |
| गुलिक काळ | 09:25 ते 10:56 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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