लखनौ पंचांग, मंगळवार, 23 नोव्हेंबर, 2027
लखनौ साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण दशमी 13:45 पर्यंतनंतर कृष्ण एकादशी 12:12 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी 19:43 पर्यंतनंतर हस्त 18:53 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | विष्कंभ 14:07 पर्यंतनंतर प्रीती 11:40 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | विष्टी (भद्रा) 13:45 पर्यंतनंतर बव 00:57 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर बालव 12:12 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | मंगळवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | कार्तिक (अमांत)मार्गशीर्ष (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:31 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:14 |
| चंद्रोदय | 01:33 |
| चंद्रास्त | 13:45 |
| सूर्य राशी | वृश्चिक |
| चंद्र राशी | कन्या |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:31 ते 12:14 |
|---|---|
| राहुकाळ | 14:33 ते 15:53 |
| यमगंड | 09:12 ते 10:32 |
| गुलिक काळ | 11:52 ते 13:13 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
आजचा दिवस तुमच्यासाठी काय सांगतो?
तुमची पत्रिका हे पंचांग तुमच्या दिवसात बदलते: तुमचा चंद्र, तुमची दशा, तुमचे गोचर.
तुमची पत्रिका बनवा