कानपूर पंचांग, रविवार, 12 एप्रिल, 2026
कानपूर साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण दशमी 01:17 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर कृष्ण एकादशी 01:09 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | श्रवण 15:14 पर्यंतनंतर धनिष्ठा 16:04 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | साध्य 18:16 पर्यंतनंतर शुभ 17:16 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | वणिज 13:04 पर्यंतनंतर विष्टी (भद्रा) 01:17 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर बव 13:19 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | रविवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | चैत्र (अमांत)वैशाख (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2083 · शके 1948 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:48 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:31 |
| चंद्रोदय | 02:26 |
| चंद्रास्त | 13:28 |
| सूर्य राशी | मीन |
| चंद्र राशी | मकर |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:44 ते 12:35 |
|---|---|
| राहुकाळ | 16:56 ते 18:31 |
| यमगंड | 12:10 ते 13:45 |
| गुलिक काळ | 15:20 ते 16:56 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
आजचा दिवस तुमच्यासाठी काय सांगतो?
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