हैदराबाद पंचांग, सोमवार, 4 मे, 2026
हैदराबाद साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण तृतीया 05:25 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर कृष्ण चतुर्थी 07:52 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | अनुराधा 09:58 पर्यंतनंतर ज्येष्ठा 12:55 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | परिघ 23:20 पर्यंतनंतर शिव 00:16 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | वणिज 16:13 पर्यंतनंतर विष्टी (भद्रा) 05:25 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर बव 18:38 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | सोमवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | वैशाख (अमांत)ज्येष्ठ (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2083 · शके 1948 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:49 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:37 |
| चंद्रोदय | 21:03 |
| चंद्रास्त | 07:20 |
| सूर्य राशी | मेष |
| चंद्र राशी | वृश्चिक |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:47 ते 12:39 |
|---|---|
| राहुकाळ | 07:25 ते 09:01 |
| यमगंड | 10:37 ते 12:13 |
| गुलिक काळ | 13:49 ते 15:25 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
आजचा दिवस तुमच्यासाठी काय सांगतो?
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