दिल्ली पंचांग, बुधवार, 22 डिसेंबर, 2027
दिल्ली साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण दशमी 23:41 पर्यंतनंतर कृष्ण एकादशी 23:12 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | चित्रा 00:09 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंतनंतर स्वाती 00:17 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | शोभन 13:28 पर्यंतनंतर अतिगंड 11:43 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | वणिज 12:05 पर्यंतनंतर विष्टी (भद्रा) 23:41 पर्यंत; नंतर बव 11:24 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | बुधवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | मार्गशीर्ष (अमांत)पौष (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 07:10 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:29 |
| चंद्रोदय | 01:47 |
| चंद्रास्त | 13:10 |
| सूर्य राशी | धनु |
| चंद्र राशी | कन्या |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:59 ते 12:40अनेक पंचांगे बुधवारी अभिजित धरत नाहीत. |
|---|---|
| राहुकाळ | 12:19 ते 13:37 |
| यमगंड | 08:27 ते 09:44 |
| गुलिक काळ | 11:02 ते 12:19 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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