भोपाळ पंचांग, बुधवार, 30 डिसेंबर, 2026
भोपाळ साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण सप्तमी 12:37 पर्यंतनंतर कृष्ण अष्टमी 12:33 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी 15:37 पर्यंतनंतर हस्त 16:13 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | सौभाग्य 13:41 पर्यंतनंतर शोभन 12:26 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | बव 12:37 पर्यंतनंतर बालव 00:29 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत; नंतर कौलव 12:33 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | बुधवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | मार्गशीर्ष (अमांत)पौष (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2083 · शके 1948 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 07:01 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:45 |
| चंद्रोदय | या दिवशी नाही |
| चंद्रास्त | 11:41 |
| सूर्य राशी | धनु |
| चंद्र राशी | कन्या |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 12:01 ते 12:44अनेक पंचांगे बुधवारी अभिजित धरत नाहीत. |
|---|---|
| राहुकाळ | 12:23 ते 13:43 |
| यमगंड | 08:21 ते 09:42 |
| गुलिक काळ | 11:02 ते 12:23 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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