बंगळुरू पंचांग, सोमवार, 24 मे, 2027
बंगळुरू साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | कृष्ण चतुर्थी 22:59 पर्यंतनंतर कृष्ण पंचमी 01:31 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वाषाढा 22:08 पर्यंतनंतर उत्तराषाढा 01:12 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | शुभ 23:54 पर्यंतनंतर शुक्ल 00:56 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | बव 09:48 पर्यंतनंतर बालव 22:59 पर्यंत; नंतर कौलव 12:14 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | सोमवार |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| मास | वैशाख (अमांत)ज्येष्ठ (पौर्णिमांत) |
| संवत | विक्रम 2084 · शके 1949 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:53 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:40 |
| चंद्रोदय | 22:07 |
| चंद्रास्त | 08:52 |
| सूर्य राशी | वृषभ |
| चंद्र राशी | धनु |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:51 ते 12:42 |
|---|---|
| राहुकाळ | 07:29 ते 09:05 |
| यमगंड | 10:41 ते 12:16 |
| गुलिक काळ | 13:52 ते 15:28 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
आजचा दिवस तुमच्यासाठी काय सांगतो?
तुमची पत्रिका हे पंचांग तुमच्या दिवसात बदलते: तुमचा चंद्र, तुमची दशा, तुमचे गोचर.
तुमची पत्रिका बनवा