बंगळुरू पंचांग, गुरुवार, 2 एप्रिल, 2026
बंगळुरू साठी, एका सूर्योदयापासून पुढच्या सूर्योदयापर्यंतची गणना.
सण
- हनुमान जयंती
पंचांगाची पाच अंगे
| तिथी | पौर्णिमा 07:42 पर्यंतनंतर कृष्ण प्रतिपदा 08:43 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | हस्त 17:39 पर्यंतनंतर चित्रा 19:25 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| योग | ध्रुव 14:19 पर्यंतनंतर व्याघात 14:08 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| करण | बव 07:42 पर्यंतनंतर बालव 20:09 पर्यंत; नंतर कौलव 08:43 (दुसऱ्या दिवशी) पर्यंत |
| वार | गुरुवार |
| पक्ष | शुक्ल पक्ष |
| मास | चैत्र (अमांत) |
| संवत | विक्रम 2083 · शके 1948 |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:15 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:31 |
| चंद्रोदय | 18:48 |
| चंद्रास्त | 06:09 |
| सूर्य राशी | मीन |
| चंद्र राशी | कन्या |
दिवसाच्या वेळा
| अभिजित मुहूर्त | 11:59 ते 12:48 |
|---|---|
| राहुकाळ | 13:55 ते 15:27 |
| यमगंड | 06:15 ते 07:47 |
| गुलिक काळ | 09:19 ते 10:51 |
राहुकाळ, यमगंड आणि गुलिक हे परंपरेनुसार नव्या सुरुवातीसाठी कमी अनुकूल मानले जातात. अभिजित परंपरेनुसार शुभ मानला जातो.
स्विस एफेमेरिस, लाहिरी अयनांश. सूर्योदय: सूर्याची वरची कड, अपवर्तनासह. मास अमांत, पौर्णिमांत सोबत.
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